Bhagavad Gītā · 2.43
☸️Karma Yoga
॥ श्लोक ॥
कामात्मानः स्वर्गपरा जन्मकर्मफलप्रदाम् क्रियाविशेषबहुलां भोगैश्वर्यगतिं प्रति
arth & jeevan-path
हिन्दी अर्थMeaning
🗣️ऐसे कामात्मा लोग स्वर्ग और जन्मकर्म के फलों के पीछे पड़े रहते हैं। वे अनेक प्रकार के कर्मों में लगे रहते हैं और भोगों और ऐश्वर्य की प्राप्ति के लिए प्रयत्न करते हैं।|
जीवन-पाठLife Lesson
🌱परिणामों की चिंता किए बिना समत्व बुद्धि से किया गया कर्म ही जीवन में संतुलन और मुक्ति लाता है।