DAILY GITA
श्रीमदभगवद्‌गीता यथारूप
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Bhagavad Gītā · 2.10
☸️Karma Yoga
॥ श्लोक ॥

तमुवाच हृषीकेशः प्रहसन्निव भारत सेनयोरुभयोर्मध्ये विषीदन्तमिदं वचः

arth & jeevan-path
हिन्दी अर्थMeaning
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हे भरतवंशी धृतराष्ट्र! अन्तर्व्यापी श्रीकृष्ण महाराज ने दोनों सेनाओं के बीच शोक करते हुए उस अर्जुन को हँसते हुए ये वचन ने कहा|

जीवन-पाठLife Lesson
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परिणामों की चिंता किए बिना समत्व बुद्धि से किया गया कर्म ही जीवन में संतुलन और मुक्ति लाता है।